कल्पना रामानी Kalpana Ramani कल्पना रामानी कवयित्री  ·  १९५१ – २०२३ poet  ·  1951 – 2023 कवयित्री  ·  १९५१ – २०२३
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कल्पना रामानी Kalpana Ramani कल्पना रामानी ग़ज़ल Ghazal ग़ज़ल · रचना ३९ / २०४ № 39 of 204 रचना ३९ / २०४
१५ अप्रैल २०१४ 15 April 2014 १५ अप्रैल २०१४

किसे सुनाएँ व्यथा वतन की kise sunaaen wyathaa watan kee किसे सुनाएँ व्यथा वतन की

किसे सुनाएँ व्यथा वतन की।

है कौन बातें करे अमन की।

हुई हुकूमत हितों पे हावी

हताश है, हर गुहार जन की।

फिसल रहे पग हरेक मग पर

कुछ ऐसी काई जमी पतन की।

फरेब क़ाबिज़ हैं कुर्सियों पर

कदम तले बातें सत वचन की।

निगल के खुशबू को नागफनियाँ

कुचल रहीं आरज़ू चमन की।

ये किसके बुत क्यों बनाके रावण

निभा रहे हैं प्रथा दहन की।

ज़मीं के मुद्दों पे चुप हैं चर्चे

विमूढ़ चर्चा करें गगन की।

न जाने कब होगी “कल्पना” फिर

नवेली प्रातः नई किरन की।

- कल्पना रामानी

प्रोत्साहित करती हुई सुंदर टिप्पणी के लिए आपका हार्दिक आभार

पुनः पधारिए

-कल्पना रामानी

kise sunaaen wyathaa watan kee

·

hai kaun baaten kare aman kee

·

huee hukoomat hiton pe haawee

·

hataash hai, har guhaar jan kee

·

phisal rahe pag harek mag par

·

kuch aisee kaaee jamee patan kee

·

phareb qaabiz hain kursiyon par

·

kadam tale baaten sat wachan kee

·

nigal ke khushaboo ko naagaphaniyaan

·

kuchal raheen aarazoo chaman kee

·

ye kisake but kyon banaake raawan

·

nibhaa rahe hain prathaa dahan kee

·

zameen ke muddon pe chup hain charche

·

wimooढ़ charchaa karen gagan kee

·

n jaane kab hogee “kalpanaa” phir

·

nawelee praatah naee kiran kee

·

- kalpanaa raamaanee

·

protsaahit karatee huee sundar tippanee ke lie aapakaa haardik aabhaar

punah padhaarie

·

-kalpanaa raamaanee

किसे सुनाएँ व्यथा वतन की।

है कौन बातें करे अमन की।

हुई हुकूमत हितों पे हावी

हताश है, हर गुहार जन की।

फिसल रहे पग हरेक मग पर

कुछ ऐसी काई जमी पतन की।

फरेब क़ाबिज़ हैं कुर्सियों पर

कदम तले बातें सत वचन की।

निगल के खुशबू को नागफनियाँ

कुचल रहीं आरज़ू चमन की।

ये किसके बुत क्यों बनाके रावण

निभा रहे हैं प्रथा दहन की।

ज़मीं के मुद्दों पे चुप हैं चर्चे

विमूढ़ चर्चा करें गगन की।

न जाने कब होगी “कल्पना” फिर

नवेली प्रातः नई किरन की।

- कल्पना रामानी

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-कल्पना रामानी

कल्पना Kalpana कल्पना

मूल स्रोत ↗ Original source ↗ असल सोरस ↗