कल्पना रामानी Kalpana Ramani कल्पना रामानी कवयित्री  ·  १९५१ – २०२३ poet  ·  1951 – 2023 कवयित्री  ·  १९५१ – २०२३
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कल्पना रामानी Kalpana Ramani कल्पना रामानी कहानी Story कहाणी · रचना ७ / ११४ № 7 of 114 रचना ७ / ११४
१४ सितम्बर २०१५ 14 September 2015 १४ सितम्बर २०१५

गुलामी की गाँठ gulaamee kee gaanth गुलामी की गाँठ

सिर्फ

१५ दिन शेष हैं ‘हिन्दी दिवस’

में... ।

उस

मध्यमवर्गीय, लगभग दो हज़ार रहवासियों वाली सोसाइटी में

सुरक्षा कर्मियों की गतिविधि बढ़ गई

थी। इस बार संचालकों द्वारा सांस्कृतिक

कार्यक्रमों का आयोजन प्रस्तावित था। हर परिवार से कार्यक्रमों में हिस्सा लेने का

आग्रह किया गया था। सारी व्यवस्था पर मैनेजर की पूरी नज़र थी… और

जैसा कि हमेशा होता था हर विशेष स्थान पर अंग्रेज़ी में सूचना-पट &

sirph

15 din shesh hain ‘hindee diwas’

men

·

us

madhyamawargeey, lagabhag do hazaar rahawaasiyon waalee sosaaitee men

surakshaa karmiyon kee gatiwidhi bढ़ gaee

thee is baar sanchaalakon dvaaraa saanskriitik

kaaryakramon kaa aayojan prastaawit thaa har pariwaar se kaaryakramon men hissaa lene kaa

aagrah kiyaa gayaa thaa saaree wyawasthaa par mainejar kee pooree nazar thee… aur

jaisaa ki hameshaa hotaa thaa har wishesh sthaan par angrezee men soochanaa-pat &

सिर्फ

१५ दिन शेष हैं ‘हिन्दी दिवस’

में... ।

उस

मध्यमवर्गीय, लगभग दो हज़ार रहवासियों वाली सोसाइटी में

सुरक्षा कर्मियों की गतिविधि बढ़ गई

थी। इस बार संचालकों द्वारा सांस्कृतिक

कार्यक्रमों का आयोजन प्रस्तावित था। हर परिवार से कार्यक्रमों में हिस्सा लेने का

आग्रह किया गया था। सारी व्यवस्था पर मैनेजर की पूरी नज़र थी… और

जैसा कि हमेशा होता था हर विशेष स्थान पर अंग्रेज़ी में सूचना-पट &

कल्पना Kalpana कल्पना

मूल स्रोत ↗ Original source ↗ असल सोरस ↗