महिला-मण्डल mahilaa-mandal महिला-मण्डल
गरमी के
मौसम में शाम होते ही सोसायटी का मनोरंजन स्थल गुलज़ार होने लगता है। कुछ
बाल-बच्चे और युवतियाँ तरण ताल को अपनी क्रीड़ाओं से आल्हादित करते हैं तो कुछ
झूलों पर अपना आसन जमाए दिखते हैं। यहीं कुछ
वरिष्ठ महिलाओं का समूह लॉन की हरी घास पर
बैठकर अपने बतरस की बौछारों से वातावरण में रस घोलने का काम करता है। इनमें रमा,
उमा,
विमला
और कांता बड़बोली हैं बाकी सब सुनना अधिक, बोलना
garamee ke
mausam men shaam hote hee sosaayatee kaa manoranjan sthal gulazaar hone lagataa hai kuch
baal-bachche aur yuwatiyaan taran taal ko apanee kreedaaon se aalhaadit karate hain to kuch
jhoolon par apanaa aasan jamaae dikhate hain yaheen kuch
warishth mahilaaon kaa samooh lॉn kee haree ghaas par
baithakar apane bataras kee bauchaaron se waataawaran men ras gholane kaa kaam karataa hai inamen ramaa,
umaa,
wimalaa
aur kaantaa badabolee hain baakee sab sunanaa adhik, bolanaa
गरमी के
मौसम में शाम होते ही सोसायटी का मनोरंजन स्थल गुलज़ार होने लगता है। कुछ
बाल-बच्चे और युवतियाँ तरण ताल को अपनी क्रीड़ाओं से आल्हादित करते हैं तो कुछ
झूलों पर अपना आसन जमाए दिखते हैं। यहीं कुछ
वरिष्ठ महिलाओं का समूह लॉन की हरी घास पर
बैठकर अपने बतरस की बौछारों से वातावरण में रस घोलने का काम करता है। इनमें रमा,
उमा,
विमला
और कांता बड़बोली हैं बाकी सब सुनना अधिक, बोलना