सबसे पहले हिन्दी/लघु-कहानी sabase pahale hindee/laghu-kahaanee सबसे पहले हिन्दी/लघु-कहानी
“माँ, हम मूवी
देखने जा रहे हैं, रात का खाना भी बाहर ही
खाकर आएँगे, गुड़िया सो रही है,
जाग जाए तो उसे ज़रा बहला देना”
कहते हुए अतुल ने अचला की ओर देखा। अचला ने
मुस्कुराकर हामी भर दी। बेटे की कल छुट्टी है तो एक दिन बहू के साथ घूमना फिरना हो
जाता है। अचला को बाहर का खाना नहीं रुचता और बढ़ती उम्र में घूमने या मूवी देखने
का भी कोई शौक नहीं तो वो कहीं बेटे-बहू के साथ नहीं जाती। वैसे तो वे अपनी तीन
“maan, ham moowee
dekhane jaa rahe hain, raat kaa khaanaa bhee baahar hee
khaakar aaenge, gudiyaa so rahee hai,
jaag jaae to use zaraa bahalaa denaa”
kahate hue atul ne achalaa kee or dekhaa achalaa ne
muskuraakar haamee bhar dee bete kee kal chuttee hai to ek din bahoo ke saath ghoomanaa phiranaa ho
jaataa hai achalaa ko baahar kaa khaanaa naheen ruchataa aur bढ़tee umr men ghoomane yaa moowee dekhane
kaa bhee koee shauk naheen to wo kaheen bete-bahoo ke saath naheen jaatee waise to we apanee teen
“माँ, हम मूवी
देखने जा रहे हैं, रात का खाना भी बाहर ही
खाकर आएँगे, गुड़िया सो रही है,
जाग जाए तो उसे ज़रा बहला देना”
कहते हुए अतुल ने अचला की ओर देखा। अचला ने
मुस्कुराकर हामी भर दी। बेटे की कल छुट्टी है तो एक दिन बहू के साथ घूमना फिरना हो
जाता है। अचला को बाहर का खाना नहीं रुचता और बढ़ती उम्र में घूमने या मूवी देखने
का भी कोई शौक नहीं तो वो कहीं बेटे-बहू के साथ नहीं जाती। वैसे तो वे अपनी तीन