किसके हाथ जले रावण kisake haath jale raawan किसके हाथ जले रावण
उस रावण को भूलें
अब, जो
सदियों पहले खाक
हुआ।
समय कह रहा उसे
जलाएँ
अंतर में जो बसा
हुआ।
धनुष बाण है हाथ
सभी के
राम स्वयं को सब कहते।
सज्जनता का ढोंग
रचा
हर रोज़ हरण सीता
करते।
पहचानें उस दानव को
जो
मानवता का दम
भरते
कालिख कैसे नज़र
पड़े
चेहरे पर चेहरा लगा हुआ।
शोषित है जनता
सारी,वो
करुण कथा अब किसे
कहे
जो समर्थ हैं वही
लुटेरे
us raawan ko bhoolen
ab, jo
sadiyon pahale khaak
huaa
samay kah rahaa use
jalaaen
antar men jo basaa
huaa
dhanush baan hai haath
sabhee ke
raam svayan ko sab kahate
sajjanataa kaa dhong
rachaa
har roz haran seetaa
karate
pahachaanen us daanaw ko
jo
maanawataa kaa dam
bharate
kaalikh kaise nazar
pade
chehare par cheharaa lagaa huaa
shoshit hai janataa
saaree,wo
karun kathaa ab kise
kahe
jo samarth hain wahee
lutere
उस रावण को भूलें
अब, जो
सदियों पहले खाक
हुआ।
समय कह रहा उसे
जलाएँ
अंतर में जो बसा
हुआ।
धनुष बाण है हाथ
सभी के
राम स्वयं को सब कहते।
सज्जनता का ढोंग
रचा
हर रोज़ हरण सीता
करते।
पहचानें उस दानव को
जो
मानवता का दम
भरते
कालिख कैसे नज़र
पड़े
चेहरे पर चेहरा लगा हुआ।
शोषित है जनता
सारी,वो
करुण कथा अब किसे
कहे
जो समर्थ हैं वही
लुटेरे