हमारा गाँव hamaaraa gaanv हमारा गाँव
ऊँची नीची पगडंडी परचलते जाते पाँवयही हमारा गाँव।
पनघट पर सखियों की टोलीनयन इशारे, हँसी ठिठोली।सिर पर आँचल, कमर गगरियागजब ढा रही लाल चुनरिया।पायल की झंकार सुनातेमेहँदी वाले पाँव।
सजे बाग, महकी अमराईकुहू कुहू कोयल की छाई।बरगद की छाया में झूलेपथिक देखकर रस्ता भूले।चुग्गा चुगती नन्ही चिड़ियाकौवा बोले काँव।
भोर भए पूजा सूरज कीपरिक्रमा पावन पीपल की।नैसर्गिक सौंदर्य गाँव मेंरिश्तों का
oonchee neechee pagadandee parachalate jaate paanvayahee hamaaraa gaanv
panaghat par sakhiyon kee toleenayan ishaare, hansee thitholeesir par aanchal, kamar gagariyaagajab dhaa rahee laal chunariyaapaayal kee jhankaar sunaatemehandee waale paanv
saje baag, mahakee amaraaeekuhoo kuhoo koyal kee chaaeebaragad kee chaayaa men jhoolepathik dekhakar rastaa bhoolechuggaa chugatee nanhee chidiyaakauwaa bole kaanv
bhor bhae poojaa sooraj keeparikramaa paawan peepal keenaisargik saundary gaanv menrishton kaa
ऊँची नीची पगडंडी परचलते जाते पाँवयही हमारा गाँव।
पनघट पर सखियों की टोलीनयन इशारे, हँसी ठिठोली।सिर पर आँचल, कमर गगरियागजब ढा रही लाल चुनरिया।पायल की झंकार सुनातेमेहँदी वाले पाँव।
सजे बाग, महकी अमराईकुहू कुहू कोयल की छाई।बरगद की छाया में झूलेपथिक देखकर रस्ता भूले।चुग्गा चुगती नन्ही चिड़ियाकौवा बोले काँव।
भोर भए पूजा सूरज कीपरिक्रमा पावन पीपल की।नैसर्गिक सौंदर्य गाँव मेंरिश्तों का